धार्मिक भावनाओं को भड़काने वाले दो आरोपियों को 06-06 माह का सश्रम कारावास।

रामपुरा। श्री नरेन्द्र कुमार भण्डारी, न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी, रामपुरा केम्प कोर्ट द्वारा दो आरापियो को धार्मिक भावनाओं को भडकाने के आरोप का दोषी पाकर 06-06 माह के सश्रम कारावास तथा 500-500रू. जुर्माने से दण्डित किया।
 
अभियोजन मीडिया सेल प्रभारी एडीपीओ रितेश कुमार सोमपुरा द्वारा घटना की जानकारी देते हुए बताया कि घटना लगभग 8 वर्ष पुरानी होकर दिनांक 23.01.2011 की रामपुरा स्थित दुधाखेड़ी माता मंदिर के पास की हैं। घटना दिनांक को टेलीफोन द्वारा थाना रामपुरा पर सूचना प्राप्त हुई कि दुधाखेड़ी माता मंदिर के पास जहॉ वृक्षारोपण हुआ है, आरोपी चंदन देवडा का दरवाजा रखने की बात को लेकर एक अन्य आरोपी रफीक खान के साथ विवाद हो रहा हैं। सूचना पर पुलिस अधिकारी घटना स्थल पर पहुॅचे, जहा मंदिर के सामने दोनो आरोपीगण चंदन देवड़ा व रफिक खान उत्तेजित होकर एक-दुसरे के धर्म की भावनाओं को भडकाने वाली बाते जोर-जोर से चिल्लाकर लोक शांति में विघ्न डाल रहे थे, जिनको रामपुरा पुलिस द्वारा गिरफ्तार कर उनके विरूद्ध अपराध क्रमांक 11/2011, धारा 153ए भा.द.वि. के अंतर्गत पंजीबद्ध किया। पुलिस रामपुरा द्वारा शेष विवेचना पूर्ण कर चालान न्यायालय में प्रस्तुत किया। 
 
श्री विपिन मण्डलोई, एडीपीओ द्वारा न्यायालय में घटना के चश्मदीद सहित सभी आवश्यक गवाहों के बयान कराकर अपराध को प्रमाणित कराकर दण्ड के प्रश्न पर तर्क दिया कि आरोपीगण द्वारा धार्मिक भावनाओं को भड़काकर समाज में लोक शांति भंग कर रहे थे, जिसके परिणाम स्वरूप कोई बड़ी साम्प्रदायिक घटना भी हो सकती थी, इसलिए आरोपीगण को कठोर दण्ड से दण्डित किया जाये। श्री नरेन्द्र कुमार भण्डारी, न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी, रामपुरा केम्प कोर्ट द्वारा आरोपीगण (1) चंदन पिता फकीरचंद देवड़ा, उम्र-29 वर्ष, निवासी-शिवाजी चौक रामपुरा तथा (2) रफीक पिता मोहम्मद शाकिर खान, उम्र-38 वर्ष, निवासी-लालबाग रामपुरा, जिला नीमच को धारा 153ए भादवि (धार्मिक भावनाओं भड़काना) में 06-06 माह के सश्रम कारावास तथा 500-500रू जुर्माने से दण्डित किया। अभियोजन की ओर से पैरवी श्री विपिन मण्डलोई, ए.डी.पी.ओ. द्वारा की गई।